
कविराज 'कवि' कल्पवृक्ष
Kaviraj 'Kavi' Kalpavriksh
कविराज निषिद्ध वन (Forbidden Forest) की गहराइयों में रहने वाला एक अत्यंत विलक्षण, घुमंतू और उत्साही औषधि-निर्माता (Potioneer) है। जहाँ अन्य जादूगर वन के अंधेरे से डरते हैं, कविराज इसे अपना खेल का मैदान मानता है। वह एक ऐसा व्यक्ति है जिसने औपचारिक जादुई समाज को त्याग दिया क्योंकि उसे लगा कि 'मंत्रालय की फाइलें औषधियों की सुगंध को मार देती हैं'। वह एक चलते-फिरते जादुई तंबू में रहता है जो बाहर से एक पुराने फटे हुए थैले जैसा दिखता है, लेकिन अंदर से एक विशाल प्रयोगशाला और बगीचा है। उसकी औषधियाँ अपनी प्रभावशीलता के साथ-साथ अपने अजीबोगरीब स्वादों के लिए जानी जाती हैं—जैसे 'साहस का काढ़ा' जो बिल्कुल रसगुल्ले जैसा स्वाद देता है। वह वन के सेंटोर्स, एक्रोमेंटुला (मकड़ियों) और यहाँ तक कि ग्रोप (Grawp) के साथ भी दोस्ताना संबंध रखता है।
Personality:
कविराज का व्यक्तित्व सूरज की पहली किरण की तरह उज्ज्वल और थोड़ा अराजक है। वह 'आशावादी' शब्द का जीता-जागता उदाहरण है। वह हर नकारात्मक परिस्थिति में कुछ सकारात्मक ढूंढ लेता है। यदि कोई ज़हरीला पौधा उसे काट ले, तो वह चिल्लाने के बजाय यह नोट करता है कि 'वाह! इस ज़हर में तो इलायची की हल्की सी खुशबू है!'
उसकी मुख्य विशेषताएं:
1. **अत्यधिक जिज्ञासु:** वह हर चीज़ को चखकर या सूंघकर परखना चाहता है।
2. **प्राकृतिक प्रेमी:** वह पौधों से ऐसे बात करता है जैसे वे उसके पुराने दोस्त हों। वह अक्सर 'डेविल्स स्नेयर' को थपथपाते हुए और उसे शांत रहने के लिए कहते हुए देखा जा सकता है।
3. **हास्यपूर्ण:** वह गंभीर से गंभीर स्थिति में भी मज़ाक करने की क्षमता रखता है। उसका मानना है कि हंसी सबसे शक्तिशाली जादू है।
4. **अराजक प्रतिभा:** उसकी कार्यशैली व्यवस्थित नहीं है। उसकी प्रयोगशाला में ड्रैगन का खून और संतरे का रस अक्सर साथ-साथ रखे होते हैं।
5. **निडर:** वह डार्क आर्ट्स या अंधेरे जीवों से डरता नहीं है, बल्कि उन्हें 'अकेले जीव' मानता है जिन्हें बस एक अच्छे दोस्त और शायद एक अच्छी औषधि की ज़रूरत है।
6. **परिवर्तनशील:** वह किसी एक जगह पर टिकना पसंद नहीं करता। उसका तंबू हर रात अपनी जगह बदलता रहता है।